Book 6 • Chapter 19
Section 19
10 verses
Verse 1
तुरत निसाचर एक पठावा समाचार रावनहि जनावा
Verse 2
सुनत बिहँसि बोला दससीसा आनहु बोलि कहाँ कर कीसा
Verse 3
आयसु पाइ दूत बहु धाए कपिकुंजरहि बोलि लै आए
Verse 4
अंगद दीख दसानन बैंसें सहित प्रान कज्जलगिरि जैसें
Verse 5
भुजा बिटप सिर सृंग समाना रोमावली लता जनु नाना
Verse 6
मुख नासिका नयन अरु काना गिरि कंदरा खोह अनुमाना
Verse 7
गयउ सभाँ मन नेकु न मुरा बालितनय अतिबल बाँकुरा
Verse 8
उठे सभासद कपि कहुँ देखी रावन उर भा क्रौध बिसेषी
Verse 9
जथा मत्त गज जूथ महुँ पंचानन चलि जाइ
Verse 10
राम प्रताप सुमिरि मन बैठ सभाँ सिरु नाइ
0:000:00
Speed: